नवदुर्गा चालीसा | Navdurga Chalisa
नवदुर्गा चालीसा चौपाई जय नवदुर्गा जग जननी,सुख संपत्ति दाता दुख हरनी। नौ रूप तुम्हारे जग जाने,सुर नर मुनि सब शीश […]
नवदुर्गा चालीसा चौपाई जय नवदुर्गा जग जननी,सुख संपत्ति दाता दुख हरनी। नौ रूप तुम्हारे जग जाने,सुर नर मुनि सब शीश […]
भुवनेश्वरी चालीसा ॥ दोहा ॥नमो नमो भुवनेश्वरी, जयति सच्चिदानन्द।त्रिभुवन जननी अम्बिके, काटहु भव भय फन्द॥ ॥ चौपाई ॥जय जय श्री
मनसा देवी चालीसा दोहा मनसा माँ नागेश्वरी, कष्ट हरन सुखधाम। चिंताग्रस्त हर जीव के, सिद्ध करो सब काम॥ देवी घट-घट
गुरु नानक चालीसा दोहा श्री गुरु नानक देव जी, कृपा करो मुझपर, चालीसा पाठ करूँ, दूर करो संकट। चालीसा जय
रविदास चालीसा दोहा बन्दौ वीणा पाणि को, देहु आय मोहिं ज्ञान।पाय बुद्धि रविदास को, करौं चरित्र बखान॥ मातु की महिमा
कबीर चालीसा दोहा दीनानाथ की दीनता, दीन बंधु की दीन।संत कबीर की शरण में, होय कृपा नवीन॥ चौपाई जय कबीर
नारद मुनि चालीसा चौपाई जय नारद मुनि, दिव्य ऋषि,तेरे नाम का जप हमारी भाषा। बुद्धि को बनाएं प्रकाशमय,प्रकाश के मार्ग
यमुना चालीसा दोहा प्रियसंग क्रीड़ा करत नित, सुखनिधि वेद को सार।दरस परस ते पाप मिटे, श्रीकृष्ण प्राण आधार॥ यमुना पावन
प्रत्यंगिरा देवी चालीसा दोहा जय जय माता प्रत्यंगिरा, आदिशक्ति अवतार।भक्तों के संकट हरहु माँ, करहु कृपा अपार॥ उग्र रूप धारण
छठी मैया चालीसा दोहा कनक बदन कुण्डल मकर, मुक्ता माला अङ्ग। पद्मासन स्थित ध्याइए, शंख चक्र के सङ्ग॥ चौपाई जय